ग्राम प्रहरी पुलिस एवं प्रशासन की आंख, नाक और कान, उनकी सूचनाएं कानून-व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण- जिलाधिकारी

हाथरस, 13 अक्टूबर, 2026 (सूचना विभाग)। ग्राम प्रहरियों का सम्मान समारोह एवं मानदेय में हुई वृद्धि के अवसर पर पुलिस लाइन हाथरस सभागार में मा0 विधायक सदर/महिला एवं बाल विकास संबधी संयुक्त समिति की सभापति श्रीमती अंजुला सिंह माहौर की अध्यक्षता एवं मा0 विधायक सि0 राऊ वीरेंद्र सिंह राणा, मा0 विधायक सादाबाद प्रदीप कुमार, जिलाधिकारी सत्य प्रकाश पटेल, पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा की गरिमाई उपस्थिति में आयोजित किया गया।
इस मौके पर उपस्थित मा0 जनप्रतिनिधियों, अधिकारयों का स्वागत पटका पहनाकर और पौध भेंटकर किया गया। उत्तर प्रदेश के मा0 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली पुलिस लाइन में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के लगभग 70 हजार ग्राम प्रहरियों (चौकीदारों) को सम्मानित करने के साथ ही मानदेय रुपये 2500 से रुपए 3500 में वृद्धि की घोषणा की।कार्यक्रम का सजीय प्रसारण पुलिस लाइन हाथरस सभागार में प्रदर्शित किया गया। उपस्थित मा0 जनप्रतिनिधियों, अधिकारयों, कर्मचारियों, चौकीदारों ने मा0 मुख्यमंत्री जी उद्बोधन को देखा और सुना।
मा0 विधायक सदर ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री स्वयं को देश का चौकीदार कहते हैं, इसलिए हम सभी अपने-अपने दायित्वों के प्रति सजग प्रहरी हैं। देश की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में ग्राम चौकीदारों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने मा0 मुख्यमंत्री को चौकीदारों के मानदेय में वृद्धि तथा कैशलेस चिकित्सा सुविधा प्रदान कर राहत देने के लिए धन्यवाद दिया और उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के लिए गांवों का विकास आवश्यक है। गांवों के विकास से जिला, प्रदेश और देश भी प्रगति की नई ऊंचाइयों तक पहुंचेगा। उन्होंने ग्राम प्रहरियों के मानदेय में वृद्धि के निर्णय के लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया। चौकीदारों को स्वस्थ रहने की शुभकामनाएं देते हुए हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया।
मा0 विधायक सिकंदराराऊ ने कहा कि ग्राम प्रहरी गांव की सुरक्षा व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। वे गांव के प्रत्येक परिवार एवं व्यक्ति से परिचित होते हैं तथा सामाजिक गतिविधियों और संभावित अराजक तत्वों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी रखते हैं। उन्होंने ग्राम प्रहरियों से निर्भीक होकर निष्पक्ष एवं सत्यपरक सूचनाएं संबंधित थाना प्रभारी तक पहुंचाने का आह्वान किया, ताकि अपराधों पर प्रभावी अंकुश लगाने के साथ ग्रामीणों को न्याय मिल सके। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार सुशासन एवं सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के साथ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को सम्मान एवं सहयोग प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। ग्राम प्रहरियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, रसोइयों सहित विभिन्न वर्गों के हित में उठाए जा रहे कदम इसी दिशा में महत्वपूर्ण पहल हैं।
मा0 विधायक सादाबाद ने कहा कि ग्राम प्रहरी को चौकीदार कहना अधिक उपयुक्त है, क्योंकि यह पद गांव की सुरक्षा और सूचना तंत्र की महत्वपूर्ण कड़ी है। उन्होंने कहा कि ग्राम प्रहरी गांव में होने वाली गतिविधियों, संभावित विवादों और अफवाहों की सटीक जानकारी निष्पक्षता एवं ईमानदारी से अधिकारियों तक पहुंचाते हैं। उनकी जिम्मेदारी अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 में ग्राम प्रहरियों का मानदेय 1,500 रुपये से बढ़ाकर 2,500 रुपये तथा वर्तमान सरकार के दूसरे कार्यकाल में बढ़ाकर 3,500 रुपये किया गया है। उन्होंने ग्राम प्रहरियों एवं उनके परिवारों को कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्रदेश सरकार एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और परिवार के उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।
जिलाधिकारी सत्य प्रकाश पटेल ने कहा कि ग्राम प्रहरी पुलिस एवं प्रशासन की आंख, नाक और कान हैं। गांव की परिस्थितियों, स्थानीय समस्याओं और कानून-व्यवस्था से जुड़ी महत्वपूर्ण सूचनाएं उपलब्ध कराने में उनकी अहम भूमिका है। ग्राम प्रहरियों से प्राप्त सूचनाएं जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा विकास कार्यों को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने में सहायक होती हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि इंडियन पुलिस एक्ट, 1861 के अंतर्गत चौकीदार व्यवस्था को संस्थागत स्वरूप मिला। ग्राम प्रहरियों को सम्मानजनक पहचान देने के उद्देश्य से उनके पदनाम में परिवर्तन किया गया है। उन्होंने कहा कि मा0 मुख्यमंत्री जी के निर्देशों का पालन करते हुए ग्राम प्रहरियों को उचित सम्मान देने और उनकी भूमिका को और प्रभावी बनाने की दिशा में कार्य किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने थानाध्यक्षों को निर्देश दिए कि वे ग्राम प्रहरियों के साथ कम से कम साप्ताहिक संवाद अवश्य स्थापित करें। थानाध्यक्षों के अधीनस्थ उपनिरीक्षकों एवं बीट पुलिसकर्मियों का भी ग्राम प्रहरियों से निरंतर संपर्क रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि थाना स्तर पर ग्राम प्रहरियों के साथ सम्मानजनक व्यवहार किया जाए, उनकी समस्याओं को सुना जाए और उन्हें बैठाकर उनकी सूचनाओं एवं सुझावों पर गंभीरता से विचार किया जाए। उन्होंने बताया कि थाना दिवस एवं तहसील दिवस जैसे मंचों के अतिरिक्त पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी ग्राम प्रहरियों के साथ छोटे-छोटे समूहों में संवाद करेंगे। पुलिस अधीक्षक, उपजिलाधिकारी एवं क्षेत्राधिकारी भी इस व्यवस्था को प्रभावी बनाने में अपनी भूमिका निभाएंगे। जिलाधिकारी ने कहा कि आगामी चुनावों के दृष्टिगत कानून-व्यवस्था बनाए रखने, स्थानीय परिस्थितियों की जानकारी प्राप्त करने और समय रहते आवश्यक कार्यवाही करने में ग्राम प्रहरियों का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण होगा। मा0 मुख्यमंत्री जी द्वारा ग्राम प्रहरियों का मानदेय रूपये 2,500 से बढ़ाकर रूपये 3,500 किए जाने के निर्णय का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह उनके योगदान के सम्मान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ग्राम प्रहरियों से प्राप्त सूचनाओं और उनके अनुभवों का समुचित उपयोग कर जिले में कानून-व्यवस्था एवं विकास, दोनों मोर्चों पर बेहतर परिणाम सुनिश्चित किए जाएंगे।
क्षेत्रीय उपाध्यक्ष शरद माहेश्वरी, जिलाध्यक्ष आरएलडी श्याम सिंह, जिलाध्यक्ष अपना दल रवि सारस्वत एवं ब्लॉक प्रमुख मुरसान रामेश्वर उपाध्याय ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा ग्राम चौकीदारों के मानदेय में 40 प्रतिशत वृद्धि तथा पांच लाख रुपये तक की कैशलेस चिकित्सा सुविधा प्रदान करना सराहनीय कदम है। उन्होंने कहा कि ग्राम चौकीदार ग्रामीण क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने, पुलिस को सूचनाएं उपलब्ध कराने और गांव में शांति व्यवस्था कायम रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने इस पहल के लिए मुख्यमंत्री एवं प्रदेश सरकार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए चौकीदारों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस मौके पर मिशन शक्ति के अंतर्गत महिला कल्याण विभाग की मोनिका गौतम को सम्मानित किया।
ग्राम प्रहरियों के सम्मान समारोह के अवसर पर मा0 उपाध्यक्ष ब्रज क्षेत्र शरद माहेश्वरी, मा0 जिलाध्यक्ष आरएलडी श्याम सिंह, मा0 जिलाध्यक्ष अपना दल, मा0 ब्लॉक प्रमुख मुरसान रामेश्वर उपाध्याय, अपर पुलिस अधीक्षक रामानंद कुशवहा, क्षेत्राधिकारी पुलिस, ग्राम प्रहरी आदि उपस्थित रहे।



