मोबाइल की लत से पढ़ाई और नींद पर असर
-60 से अधिक विद्यार्थियों को किया जागरूक

शामली। राजकीय हाईस्कूल टोडा में जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें 60 से अधिक विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य, पढ़ाई के तनाव और मोबाइल की बढ़ती लत के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी।
कार्यक्रम में बताया गया कि जरूरत से ज्यादा मोबाइल इस्तेमाल करने से एकाग्रता कम होने, नींद में परेशानी, चिड़चिड़ापन, तनाव, सामाजिक गतिविधियों से दूरी और पढ़ाई में रुचि कम होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। विद्यार्थियों को मोबाइल का सीमित और संतुलित उपयोग करने की सलाह दी गई।विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े चेतावनी संकेतों के बारे में भी बताया गया। लगातार उदासी या चिंता, पढ़ाई में मन नहीं लगना, एकाग्रता में कमी, नींद या भूख में बदलाव, अत्यधिक चिड़चिड़ापन, लोगों से दूरी बनाना और लगातार तनाव जैसे लक्षण नजर आने पर अभिभावक, शिक्षक या विशेषज्ञ से सहायता लेने की सलाह दी गई। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को टेली-मानस हेल्पलाइन 14416 और 1-800-891-4416 के बारे में जानकारी दी गई। बताया गया कि मानसिक स्वास्थ्य संबंधी परेशानी होने पर इस सेवा से परामर्श और सहायता ली जा सकती है।साइकियाट्रिक सोशल वर्कर अंकित यादव, क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट प्रेरणा पुंडीर और साइकेट्रिक नर्स आशा आर्य ने विद्यार्थियों से संवाद किया। उन्होंने अपनी समस्याएं परिवार और शिक्षकों से साझा करने तथा जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञ की मदद लेने के लिए प्रेरित किया।विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रमोद कुमार ने विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने की अपील की। शिक्षकों ने भी कार्यक्रम में सहयोग किया। अंत में विद्यार्थियों से मोबाइल का संतुलित उपयोग करने, पर्याप्त नींद लेने और नियमित दिनचर्या अपनाने की अपील की गई।



