प्रदेश के विद्यालयों में एआई, रोबोटिक्स, ड्रोन तकनीक को मिलेगा बढ़ावा : सीएम धामी

- बागेश्वर में बाल वैज्ञानिकों के साथ सीएम ने किया संवाद
मुख्यमंत्री ने बाल वैज्ञानिकों से संवाद किया और उनकी जिज्ञासाओं के उत्तर दिए। उन्होंने कहा कि आज के बाल वैज्ञानिक ही भविष्य में देश के प्रमुख वैज्ञानिक, इंजीनियर और शोधकर्ता बनेंगे। भाजपा प्रदेश महामंत्री व विद्यालय के प्रबंधक एडवोकेट कुंदन परिहार ने विद्यालय की प्रगति आख्या पेश की। कहा कि प्रदेश में विद्या भारती द्वारा संस्कारित व आधुनिक शिक्षा दी जा रही है। मुख्यमंत्री ने विद्यालयी शिक्षा में आधुनिक तकनीक के समावेश पर जोर देते हुए रोबोटिक्स एवं ड्रोन तकनीक को शिक्षा से जोड़ने तथा महिला विकास एवं विज्ञान विषय पर सम्मेलन आयोजित करने की बात कही। उन्होंने कहा कि विज्ञान एवं तकनीक के माध्यम से प्रदेश में नवाचार, पारदर्शी सेवाओं और स्मार्ट कृषि को बढ़ावा दिया जा रहा है। देहरादून में साइंस सिटी और चंपावत में साइंस सेंटर विकसित किया जा रहा है। कहा कि स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहित करने के लिए हाउस आॅफ हिमालयाज ब्रांड के माध्यम से प्रयास किए जा रहे हैं। कृषि, बागवानी, मत्स्य पालन, मौन पालन और होमस्टे जैसे क्षेत्रों में स्वरोजगार की संभावनाओं को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीमांत क्षेत्रों में आयोजित ऐसे विज्ञान महोत्सव विद्यार्थियों की प्रतिभा को मंच प्रदान करने के साथ उनमें वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मकता और नवाचार की भावना विकसित करते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के आदर्शों से प्रेरणा लेकर देश एवं प्रदेश के विकास में योगदान देने का आह्वान किया। महोत्सव के दौरान विज्ञान के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षक कविता हरकोटिया, दीप चंद जोशी, हरिमोहन ऐठाणी एवं ख्याली दत्त को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर कपकोट विधायक सुरेश गढ़िया, बागेश्वर विधायक पार्वती दास, दर्जा राज्य मंत्री शिव सिंह विष्ट, भूपेश उपाध्याय, जिला पंचायत अध्यक्ष शोभा आर्या, यूकॉस्ट के महानिदेशक दुर्गेश पंत, जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे, पुलिस अधीक्षक जितेंद्र मेहरा, मुख्य विकास अधिकारी नरेश कुमार, विद्यालय के प्रधानाचार्य अबल सिंह तोपाल सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी, शिक्षक एवं बाल वैज्ञानिक उपस्थित रहे।



