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पीएम मोदी ने सुभाषितम साझा कर प्रतिकूल परिस्थितियों में सफलता का दिया मंत्र

पीएम मोदी ने सुभाषितम साझा कर प्रतिकूल परिस्थितियों में सफलता का दिया मंत्र

एजेंसी। नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने हमेशा की तरह आज प्रात: एक्स पर सुभाषितम साझा करते हुए प्रतिकूल परिस्थितियों में सफलता का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि दृढ़ संकल्प, अथक परिश्रम और परिश्रम से कठिन दशा में भी सफलता अर्जित की जा सकती है। सुभाषितम के रूप में उल्लिखित श्लोक दैवं पुरुषकारेण य: समर्थ: प्रबाधितुम न दैवेन विपन्नार्थ: पुरुष: सोऽवसीदति॥ महर्षि वाल्मीकि रचित रामायण के अयोध्याकाण्ड, सर्ग 23, श्लोक 17 से लिया गया है। वाल्मीकि कहते हैं कि जब भगवान श्रीराम को वनवास मिलता है, तब लक्ष्मण अत्यधिक क्रोधित हो जाते हैं। वे तब दैव (भाग्य) पर भरोसा करने के बजाय मनुष्य के पुरुषार्थ (कर्म और मेहनत) को बड़ा बताते हुए यह बात कहते हैं। प्रधानमंत्री मोदी के एक्स हैंडल में इस सुभाषितम का अर्थ लिखा गया, जो व्यक्ति अपने दृढ़ संकल्प, अथक परिश्रम और पुरुषार्थ से प्रतिकूल परिस्थितियों को भी अनुकूल बनाने समर्थ रखता है, वह जीवन की बाधाओं से कभी पराजित नहीं होता, बल्कि निरंतर प्रयास करते हुए सफलता प्राप्त करता है।

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