नवरात्र शुरू: मंदिरों में सजी मां की चौकियां, फलाहार महंगा होने से व्रतियों की जेब पर असर

- पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा, जौ के पौधों से शुभता के संकेत
- चिकित्सकों ने गर्भवती महिलाओं और मधुमेह रोगियों को सावधानी बरतने की दी सलाह
कविता। फरीदाबादशारदीय नवरात्र आज से शुरू हो रहे हैं। इसे लेकर शहर के मंदिरों और घरों में पूजा की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। पहले दिन कलश स्थापना, अखंड ज्योति प्रज्वलन और मां शैलपुत्री की पूजा होगी। श्रद्धालु नौ की बजाय इस बार दस दिन व्रत रखकर मां दुर्गा की आराधना करेंगे। वहीं, नवरात्र की पूर्व संध्या पर बाजारों में पूजा सामग्री और फलाहार की खरीदारी के लिए भीड़ उमड़ी, लेकिन बढ़ती कीमतों ने व्रतियों की चिंता बढ़ा दी है।
एनआईटी पांच नंबर स्थित राधा सर्वेश्वर मंदिर के पुजारी गोपाल पंडित जी ने बताया कि नवरात्र के पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा की जाती है। इस दौरान कलश स्थापना के साथ दुर्गा सप्तशती का पाठ किया जाता है। नवरात्र में जौ बोने की परंपरा भी है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार जौ की अच्छी वृद्धि को सुख-समृद्धि और खुशहाली का प्रतीक माना जाता है।
महारानी वैष्णो देवी मंदिर में ज्वाला जी से लाई गई ज्योति प्रज्वलित कर पूजा-अर्चना की जाएगी। मंदिरों में भजन, आरती, माता की चौकी और अन्य धार्मिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।



