नानकमत्ता साहिब में सीएम धामी ने टेका मत्था, बोले- धार्मिक और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता हमारी सामूहिक जिम्मेदारी

नानकमत्ता, 5 अक्टूबर 2026। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को गुरुद्वारा श्री नानकमत्ता साहिब पहुंचकर मत्था टेका और प्रदेश की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। इसके बाद मुख्यमंत्री ने ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत गुरुद्वारा परिसर में आयोजित स्वच्छता कार्यक्रम में हिस्सा लिया और श्रमदान किया। मुख्यमंत्री ने स्वयं साफ-सफाई कर लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया।
गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की ओर से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सरोपा और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने भी स्वच्छता अभियान में भाग लिया।
धार्मिक स्थलों की पवित्रता के साथ स्वच्छता भी जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि धार्मिक स्थलों की पवित्रता बनाए रखना जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी उनके आसपास के वातावरण को स्वच्छ रखना भी है। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह समाज और प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की पहचान देश के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन राज्यों में होती है। चारधाम सहित विभिन्न धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर सालभर बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में इन स्थानों को स्वच्छ और व्यवस्थित रखना बेहद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों के अलावा बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों, अस्पतालों, सरकारी कार्यालयों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर भी स्वच्छता के लिए लगातार प्रयास किए जाने चाहिए।
‘सेवा संकल्प अभियान’ से जुड़ रही जनभागीदारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितंबर से उत्तराखंड में ‘सेवा संकल्प अभियान’ शुरू किया गया है। अभियान के तहत सेवा, जनभागीदारी, संवाद और नवाचार से जुड़े विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। नानकमत्ता साहिब में स्वच्छता अभियान भी इसी श्रृंखला का हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनसेवा और स्वच्छता को राष्ट्रीय जनआंदोलन का स्वरूप देने का काम किया है। अब जरूरत है कि स्वच्छता की इस भावना को हर नागरिक अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाए।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि स्वच्छता किसी एक दिन या अभियान का विषय नहीं है। इसे निरंतर जनभागीदारी के जरिए आगे बढ़ाना होगा। प्रत्येक व्यक्ति यदि अपने घर और कार्यस्थल के साथ आसपास के सार्वजनिक क्षेत्र की स्वच्छता की जिम्मेदारी भी समझे, तो इसका व्यापक असर दिखाई देगा।
सीमांत और धार्मिक क्षेत्रों के विकास पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि उत्तराखंड सरकार प्रदेश के धार्मिक, पर्यटन और सीमांत क्षेत्रों में विकास के साथ बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं और पर्यटकों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए स्वच्छता, आधारभूत सुविधाओं और व्यवस्थाओं को मजबूत करना आवश्यक है।
नानकमत्ता साहिब जैसे धार्मिक स्थलों पर स्वच्छता अभियान से न केवल स्थानीय स्तर पर साफ-सफाई को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि प्रदेश में आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के बीच भी सकारात्मक संदेश जाएगा।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, भाजपा जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, नगर पंचायत अध्यक्ष प्रेम सिंह टुरना, पूर्व विधायक प्रेम सिंह राणा, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष सरदार जोगेंद्र सिंह, महासचिव सरदार अमरजीत सिंह बोपराय, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, एसएसपी अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी समेत जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पदाधिकारी और श्रद्धालु उपस्थित रहे।



