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तूफान-बारिश ने मचाई तबाही, जनजीवन अस्त-व्यस्त

तूफान-बारिश ने मचाई तबाही, जनजीवन अस्त-व्यस्त

  • पेड़-पौधे धराशायी, कई दिनों से बिजली गुल; फसलें बर्बाद होने से किसान मायूस

पायनियर संवाददाता। सादुल्लानगर/बलरामपुर

बुधवार रात से तेज हवा के साथ हुई झमाझम बारिश ने क्षेत्र में भारी तबाही मचा दी। तेज हवाओं के कारण जगह-जगह पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से आवागमन प्रभावित हुआ। कई गांवों में बिजली आपूर्ति बाधित होने से ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। लगातार मौसम खराब रहने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।

तूफान के कारण कई स्थानों पर पेड़ों की डालियां टूटकर सड़कों पर गिर गईं। इससे ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं बिजली के तारों पर पेड़ गिरने से कई गांवों की विद्युत आपूर्ति ठप हो गई। ग्रामीण नंदकिशोर राधेश्याम उदयभान श्यामलाल मनोज रजिश्राम,नन्हा, राकेश जायसवाल,संतोष,रमेश,नसीम आदि का कहना है कि कई दिनों से बिजली संकट बना हुआ है। मोबाइल फोन चार्ज करने से लेकर पेयजल की व्यवस्था तक प्रभावित हो रही है।

बारिश और तेज हवाओं का सबसे अधिक असर किसानों पर पड़ा है। खेतों में तैयार धान समेत अन्य फसलों को नुकसान पहुंचने से किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। खेतों में पानी भरने और तेज हवा के कारण फसलें जमीन पर बिछ गई हैं। किसानों का कहना है कि मौसम की मार से पहले ही लागत निकालना मुश्किल था, अब तैयार फसल खराब होने से नुकसान और बढ़ गया है।

ग्रामीणों ने प्रशासन से प्रभावित गांवों में विद्युत आपूर्ति जल्द बहाल कराने, क्षतिग्रस्त सड़कों से पेड़ हटवाने तथा फसलों का सर्वे कराकर किसानों को उचित मुआवजा दिलाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि मौसम इसी तरह खराब रहा तो किसानों को और नुकसान उठाना पड़ सकता है।

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