शुक्रताल में गंगा स्नान के दौरान तीन श्रद्धालुओं की डूबकर मौत

मासूम बच्ची भी हादसे का शिकार, एक युवक की हालत गंभीर

पुण्य तिथि समारोह में उमड़ी थी श्रद्धालुओं की भारी भीड़

मुजफ्फरनगर। तीर्थ नगरी शुक्रताल में रविवार को गंगा स्नान के दौरान हुए दर्दनाक हादसे में एक बच्ची समेत तीन श्रद्धालुओं की डूबने से मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल रेफर किया गया है। हादसे के बाद घाट पर अफरा-तफरी मच गई और धार्मिक आयोजन में शोक की लहर दौड़ गई। रविवार को स्वामी समनदास आश्रम में ब्रह्मलीन स्वामी ज्ञान भिक्षुकदास महाराज की 66वीं पुण्यतिथि पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के लिए प्रदेश के विभिन्न जनपदों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे थे। कार्यक्रम से पहले श्रद्धालु गंगा में स्नान कर रहे थे।

 

इसी दौरान चार श्रद्धालु गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। सूचना मिलते ही स्थानीय गोताखोरों, पुलिस और आसपास मौजूद लोगों ने तत्काल बचाव अभियान शुरू किया। काफी प्रयास के बाद चारों को गंगा से बाहर निकाला गया। चिकित्सकों ने 20 वर्षीय राजन निवासी फतेहपुर कला (बिजनौर), 18 वर्षीय हिमांशु निवासी विजयवाड़ा, बिनौली (बागपत) तथा 10 वर्षीय रागिनी निवासी नगीना को मृत घोषित कर दिया। वहीं 20 वर्षीय मनीष निवासी फतेहपुर कला (बिजनौर) को गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसका उपचार जारी है। घटना की सूचना मिलते ही कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार अस्पताल पहुंचे। उन्होंने मृतकों के परिजनों को ढांढस बंधाया और प्रशासनिक अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।

 

इस दौरान उन्होंने आयोजन स्थल पर एनडीआरएफ की टीम तैनात न होने पर नाराजगी भी जताई और सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए। हादसे की जानकारी मिलते ही एसडीएम जानसठ रश्मि लांबा, तहसीलदार श्रद्धा गुप्ता, इंस्पेक्टर क्राइम नरेंद्र सिंह सहित प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने तीनों शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना के बाद मृतकों के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। हादसे के बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों ने गंगा घाट पर सुरक्षा इंतजामों को लेकर सवाल उठाए। उनका कहना था कि श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बावजूद पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था और प्रशिक्षित बचाव दल की तैनाती नहीं थी, जिससे हादसा और गंभीर हो गया। प्रशासन ने पूरे मामले की जांच कराने की बात कही है।

Chief Sub-editor Pioneer Hindi

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *