नयी दिल्ली। भारत के स्टार पुरुष युगल खिलाड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी कंधे की चोट से उबरने के करीब हैं और 17 अगस्त से इंदिरा गांधी स्टेडियम में शुरू होने वाली बैडमिंटन विश्व चैंपियनशिप में चिराग शेट्टी के साथ भारत की चुनौती की अगुआई करने के लिए तैयार हैं। भारतीय मुख्य युगल कोच टैन किम हर ने बुधवार को सात्विक की फिटनेस पर भरोसा जताते हुए कहा कि उनका कंधा लगभग पूरी तरह ठीक हो चुका है, जबकि चिराग भी पूरी तरह फिट हैं।
जुलाई में जापान ओपन के दौरान सात्विक के कंधे की पुरानी चोट दोबारा उभर आई थी, जिसके कारण उन्हें और चिराग को पहले दौर का मुकाबला बीच में ही छोड़ना पड़ा था। इसके बाद दोनों ने एहतियातन चीन ओपन से भी नाम वापस ले लिया था। हालांकि, अब दोनों की जोड़ी विश्व चैंपियनशिप के लिए तैयार है और दुनिया की पांचवीं वरीयता प्राप्त इस भारतीय जोड़ी को देश की सबसे बड़ी पदक उम्मीद माना जा रहा है। पहले दौर में बाई मिलने के कारण सात्विक-चिराग अपने अभियान की शुरुआत दूसरे दौर से करेंगे।
विश्व चैंपियनशिप के ड्रॉ के बाद कोच किम हर ने कहा कि सात्विक ने रिलायंस की मेडिकल टीम की देखरेख में सफल रिहैब किया है और उनकी स्थिति लगातार बेहतर हो रही है। उन्होंने बताया कि रिहैब प्रक्रिया अभी जारी है, लेकिन खिलाड़ी प्रतियोगिता में उतरने के लिए तैयार हैं। वहीं, चिराग की कमर की चोट पूरी तरह ठीक हो चुकी है और उनकी फिटनेस को लेकर कोई चिंता नहीं है।
कोच ने कहा कि सिंगापुर ओपन जीतने के बाद सात्विक-चिराग का आत्मविश्वास काफी ऊंचा था, लेकिन चोट के कारण उन्हें फिर लंबा ब्रेक लेना पड़ा। ऐसे में अब सबसे अहम चुनौती उनकी लय और आत्मविश्वास को फिर हासिल करना होगा। उन्होंने विश्वास जताया कि दोनों खिलाड़ी मानसिक रूप से सकारात्मक हैं और बड़े मंच पर अच्छा प्रदर्शन करने के लिए तैयार हैं।
विश्व चैंपियनशिप में भारत की दूसरी पुरुष युगल जोड़ी हरिहरन अम्साकरुणन और एमआर अर्जुन पहले दौर में आयरलैंड की जोड़ी से भिड़ेगी। मिश्रित युगल में ध्रुव कपिला और तनिषा क्रास्टो का सामना नीदरलैंड की जोड़ी से होगा। किम हर ने कहा कि सभी जोड़ियों का ड्रॉ संतुलित है और टीम एक समय में एक मुकाबले पर ध्यान केंद्रित करेगी।
कोच ने माना कि सात्विक और चिराग के करियर में सबसे बड़ी बाधा लगातार लगने वाली चोटें रही हैं। उन्होंने कहा कि सात्विक 2018 से कंधे की समस्या से जूझ रहे हैं और यही उनकी सबसे बड़ी चिंता है। इसके बावजूद दोनों खिलाड़ियों की प्रतिबद्धता और अनुशासन उन्हें दुनिया की सर्वश्रेष्ठ जोड़ियों में बनाए रखता है।
किम हर ने कहा कि व्यस्त अंतरराष्ट्रीय कैलेंडर को देखते हुए सभी टूर्नामेंट खेलना जरूरी नहीं है। उनका लक्ष्य विश्व चैंपियनशिप और उसके बाद होने वाले एशियाई खेल जैसे बड़े आयोजनों में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है। उन्होंने भरोसा जताया कि यदि सात्विक और चिराग पूरी फिटनेस, आत्मविश्वास और सही मानसिकता के साथ कोर्ट पर उतरते हैं तो वे दुनिया की किसी भी जोड़ी को हराने का माद्दा रखते हैं।










