नाले की सफाई को लेकर दो पक्षों में जमकर मारपीट
आधा दर्जन घायल, कई नामजद पर हत्या का आरोप
पायनियर समाचार सेवा
लखनऊ। गोसाईंगंज कोतवाली क्षेत्र के टिकानियामऊ (रसूलपुर) गांव में पानी निकासी और नाले की सफाई को लेकर लंबे समय से चला आ रहा विवाद शुक्रवार रात खूनी संघर्ष में बदल गया। दो पक्षों के बीच हुई लाठी-डंडों, लोहे की रॉड और धारदार हथियारों से मारपीट में आजाद पुत्र तुलसी की मौत हो गई, जबकि आधा दर्जन लोग घायल हो गए। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया और मामले की जांच शुरू कर दी है। पीड़ित पक्ष के अनुसार, गांव के नाले को पाट दिए जाने के कारण बारिश का पानी आजाद के घर में भर रहा था।
इस संबंध में कई बार शिकायत किए जाने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ। शनिवार को दोनों पक्षों के बीच नाले की सफाई और पानी निकासी को लेकर बैठक प्रस्तावित थी, लेकिन बातचीत के दौरान विवाद बढ़ गया और देखते ही देखते दोनों पक्षों में मारपीट शुरू हो गई। आरोप है कि दूसरे पक्ष के ललित, अमित (पुत्र सुचित रावत) समेत कई लोग लाठी, डंडे, लोहे की रॉड और धारदार हथियार लेकर मौके पर पहुंचे और हमला कर दिया। बीच-बचाव करने पहुंचे प्रदीप पुत्र चंद्रशेखर और सरजू पुत्र मंशाराम भी गंभीर रूप से घायल हो गए।
संघर्ष के दौरान आजाद के सिर पर गंभीर चोट लगने से वह मौके पर ही बेहोश होकर गिर पड़ा। घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गोसाईंगंज ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने आजाद को मृत घोषित कर दिया, जबकि गंभीर रूप से घायल प्रदीप और सरजू को बेहतर उपचार के लिए लखनऊ रेफर कर दिया गया। मृतक की पत्नी अंजू ने पुलिस को दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि नाले की सफाई की शिकायत से नाराज होकर आरोपितों ने योजनाबद्ध तरीके से घर में घुसकर हमला किया।
तहरीर में कई लोगों को नामजद करते हुए हत्या, जानलेवा हमला और धमकी देने के आरोप लगाए गए हैं तथा आरोपियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है। घटना की सूचना मिलते ही एडीसीपी दक्षिणी रल्लापल्ली बसंत कुमार मौके पर पहुंचे उन्होंने बताया कि पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले की निष्पक्ष जांच करते हुए विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।










