डिजिटल शिक्षा से सपने सवरेंगे : जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़
गाजियाबाद। कलेक्ट्रेट स्थित महात्मा गांधी सभागार में बाल सेवा योजना के तहत शुक्रवार को जिले के 11 बच्चों को जिलाधिकारी ने लैपटॉप वितरित किया। साथ ही बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ ने कहा कि आज के दौर में शिक्षा के क्षेत्र में डिजिटल तकनीक का ज्ञान बेहद जरूरी है। लैपटॉप के माध्यम से छात्र-छात्राएं आॅनलाइन अध्ययन, नई तकनीकों की जानकारी और विभिन्न शैक्षणिक संसाधनों तक आसानी से पहुंच बना सकते हैं। इससे उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने और अपने भविष्य को बेहतर बनाने में भी सहायता मिलेगी।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि बच्चों को आत्मनिर्भर और आधुनिक शिक्षा से जोड़ना भी है। जिला प्रोबेशन अधिकारी मनोज कुमार पुष्कर ने बताया कि बाल सेवा योजना के तहत कोविड के दौरान जिन बच्चों के माता या पिता की मृत्यू हो गई थी। उनको लैपटॉप का वितरण किया गया।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को डिजिटल शिक्षा से जोड़ते हुए उनकी पढ़ाई को नई दिशा देना रहा। इस मौके पर जिलाधिकारी ने बच्चों से संवाद किया और उनकी शिक्षा, भविष्य की योजनाओं और डिजिटल माध्यम से सीखने के अनुभवों के बारे में जानकारी ली। लैपटॉप पाकर बच्चों के चेहरे खुशी के झूम उठे। कार्यक्रम में सीडीओ कुमार सौरभ, लोकेंद्र कुमार, जितेंद्र कुमार, सागर आदि मौजूद रहे।










