-
स्वास्थ्य विभाग ने जारी की एडवाइजरी
-
बासी भोजन और खुले खाद्य पदार्थों से बचने की अपील
पायनियर समाचार सेवा। देहरादून। बरसात के मौसम में जल एवं मच्छर जनित संक्रामक रोगों का खतरा बढ़ने को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने आमजन के लिए एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने डायरिया, पेचिश, टायफायड, हैजा, पीलिया और हेपेटाइटिस के साथ ही डेंगू, मलेरिया व चिकनगुनिया से बचाव के लिए विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। इंटीग्रेटेड डिजीज सर्विलांस प्रोग्राम (आईडीएसपी) से प्राप्त साप्ताहिक रिपोर्टों के आधार पर विभाग ने लोगों को बासी भोजन, खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थ और अधपके भोजन से बचने की सलाह दी है। तरबूज, खरबूज, गन्ने का रस आदि का सेवन स्वच्छ एवं सुरक्षित होने पर ही करने को कहा गया है। साथ ही ठंडी वस्तुओं में इस्तेमाल होने वाली बर्फ के सेवन से बचने की सलाह दी गई है, क्योंकि इसमें दूषित पानी के इस्तेमाल की आशंका रहती है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार पीने और खाना बनाने के लिए पानी को अच्छी तरह उबालकर इस्तेमाल करना चाहिए। क्लोरीन की गोलियों का प्रयोग स्वास्थ्य कर्मियों के निर्देश के अनुसार ही किया जाए। शौचालय के इस्तेमाल के बाद और भोजन से पहले साबुन से हाथ धोने तथा फलों-सब्जियों को अच्छी तरह साफ करने की भी अपील की गई है।
पानी जमा न होने दें, मच्छरों की रोकथाम पर जोर
डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया से बचाव के लिए घरों और आसपास पानी जमा न होने देने की सलाह दी गई है। पानी की टंकियों और जल भंडारण के बर्तनों को ढककर रखने, गमलों के नीचे पानी जमा करने वाली ट्रे न लगाने तथा कूलर, फ्रिज के पीछे, गुलदस्तों, मनी प्लांट और अन्य पानी जमा होने वाले स्थानों की नियमित सफाई करने को कहा गया है। विभाग ने पानी वाले बर्तनों और अन्य कंटेनरों को सप्ताह में कम से कम एक बार पूरी तरह खाली कर सुखाने की सलाह दी है। पुराने टूटे बर्तन, बोतल, डिब्बे और बेकार टायर खुले में न छोड़ने को कहा गया है, क्योंकि इनमें जमा पानी डेंगू फैलाने वाले एडीज मच्छर के प्रजनन का माध्यम बन सकता है। मच्छरों से बचाव के लिए मच्छरदानी और मच्छररोधी साधनों के इस्तेमाल के साथ शरीर को अधिक से अधिक ढकने वाले कपड़े पहनने की सलाह दी गई है।
तेज बुखार और बदन दर्द को न करें नजरअंदाज
स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि तेज बुखार, सिरदर्द, बदन व मांसपेशियों में दर्द, जोड़ों में दर्द, आंखों के पीछे दर्द या शरीर पर लाल चकत्ते जैसे लक्षण दिखाई देने पर तत्काल चिकित्सकीय परामर्श लेना चाहिए। इन लक्षणों को डेंगू सहित अन्य संक्रामक रोगों का संकेत माना जा सकता है। विभाग ने बिना चिकित्सकीय सलाह के दवा न लेने की अपील की है। डेंगू की जांच सभी सरकारी अस्पतालों में नि:शुल्क उपलब्ध है। लक्षण दिखाई देने पर लोगों को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या सरकारी अस्पताल में जांच और चिकित्सकीय परामर्श लेने की सलाह दी गई है।