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समय रहते घर से बाहर निकला परिवार, बाल-बाल बची जान
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घरेलू व दुकान का सामान मलबे में दबा
पायनियर समाचार सेवा। मसूरी। पहाड़ों की रानी मसूरी में लगातार हो रही बारिश के बीच भूस्खलन की घटनाएं लोगों के लिए चिंता का कारण बनी हुई हैं। मसूरी-कैंपटी रोड पर सांझा दरबार के पास देर रात हुए भूस्खलन की चपेट में आने से एक मकान और दुकान पूरी तरह ध्वस्त हो गए। हादसे के वक्त परिवार के सदस्य मकान के अंदर मौजूद थे, लेकिन जमीन खिसकने की आहट और खतरे को भांपकर वे समय रहते घर से बाहर निकल गए। इसके कुछ ही देर बाद मकान और दुकान का बड़ा हिस्सा भरभराकर मलबे में तब्दील हो गया।
अचानक खिसकने लगी जमीन
बताया गया कि देर रात बारिश के दौरान अचानक मकान के आसपास की जमीन खिसकने लगी। हालात बिगड़ते देख परिवार के लोग आनन-फानन में घर से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थान पर पहुंच गए। उनके बाहर निकलने के कुछ ही समय बाद मकान और दुकान का बड़ा हिस्सा ढह गया। भूस्खलन इतना जबरदस्त था कि मकान में रखा घरेलू सामान और दुकान का सामान भी मलबे में दबकर नष्ट हो गया। घटना के बाद परिवार के सामने रहने और रोजमर्रा की जरूरतों का संकट खड़ा हो गया है।
मंत्री गणेश जोशी ने दिए सहायता के निर्देश
घटना की जानकारी मिलने पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने मामले का संज्ञान लिया। उन्होंने मसूरी के उपजिलाधिकारी राहुल आनंद को प्रभावित परिवार की हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही आपदा के नियमों के तहत पीड़ित परिवार को नियमानुसार मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया तत्काल शुरू करने को कहा।
प्रशासन ने मौके पर भेजी टीम
उपजिलाधिकारी मसूरी राहुल आनंद ने बताया कि प्रशासनिक टीम को मौके पर भेजकर आपदा प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण कराया गया है। टीम ने भूस्खलन से हुए नुकसान का जायजा लेने के साथ प्रभावित परिवार की स्थिति की जानकारी जुटाई है। प्रशासन की ओर से परिवार को हरसंभव मदद उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया है। अधिकारियों ने आसपास के क्षेत्र का भी निरीक्षण किया, ताकि किसी अन्य मकान या परिवार पर खतरा होने की स्थिति में समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।
लगातार बारिश से बढ़ी भूस्खलन की चिंता
मसूरी और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश के कारण जगह-जगह भूस्खलन और सड़क क्षतिग्रस्त होने की घटनाएं सामने आ रही हैं। सांझा दरबार के पास मकान और दुकान के धराशायी होने की घटना ने स्थानीय लोगों की चिंता और बढ़ा दी है। बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में जमीन कमजोर होने से भूस्खलन का खतरा लगातार बना हुआ है।
पीड़ित परिवार के लिए आर्थिक सहायता की मांग
घटना के बाद पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग उठ रही है, ताकि परिवार को राहत मिल सके। फिलहाल प्रशासन नुकसान का आकलन कर रहा है और आपदा मानकों के तहत राहत एवं मुआवजा दिलाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। लगातार बारिश को देखते हुए प्रशासन ने क्षेत्र में स्थिति पर नजर बनाए रखी है।