अम्बेडकर नगर। अम्बेडकर नगर पहुचे सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के प्रमुख औऱ कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने एक बार फिर समाजवादी पार्टी और उसके नेतृत्व पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने सपा को राजनीति की “सबसे धोखेबाज़ पार्टी” करार दिया। यह बयान सुभासपा विधायक अब्बास अंसारी के सपा में जाने की चर्चा के बीच आया है।
राजभर ने विधानसभा चुनावों के दौरान सीटों के तालमेल और उम्मीदवारों के चयन पर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि चुनाव के समय सपा ने उनके साथ मिलकर एक सोची-समझी रणनीति के तहत काम किया था। राजभर के अनुसार, सपा ने उनसे कहा था, “हम अपना प्रत्याशी देंगे, सिंबल आप भले ही अपना दे दो, लेकिन प्रत्याशी हमारा ही होगा।”
उन्होंने आरोप लगाया कि यह सपा की एक बड़ी राजनीतिक चाल थी, जिसका उद्देश्य था कि यदि उत्तर प्रदेश में उनकी सरकार बनती, तो वे सुभासपा के सिंबल पर जीते हुए सभी विधायकों को तोड़कर अपने पाले में कर लेते। राजभर के मुताबिक, सपा की मंशा सुभासपा को अंदर से कमज़ोर करने की थी।
राजभर ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव और शिवपाल यादव को चुनौती दी कि अगर उनमें दम है तो वे उनके सामने जहूराबाद आकर चुनाव लड़ें। उन्होंने शिवपाल यादव की अहमियत पर भी टिप्पणी की और कहा कि अखिलेश यादव ने उन्हें मंच से धक्का देकर पार्टी से निकाला था।
राम मंदिर मुद्दे पर सपा मुखिया के ट्वीट पर राजभर ने कहा कि जो आज तक राम मंदिर दर्शन करने नहीं आए, वे इस पर टिप्पणी कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस मामले में एसआईटी गठित है और जांच रिपोर्ट के बाद दोषी पाए जाने वालों को सज़ा मिलेगी।
मंत्री ओपी राजभर ने यह भी भविष्यवाणी की कि सपा में जल्द ही टूट होगी, जैसा कि टीएमसी और शिवसेना में हुआ था। उन्होंने सांसद लालजी वर्मा को “दल-बदलू नेता” बताया, जो फायदा देखकर पाला बदल लेते हैं। मंत्री ओम प्रकाश राजभर जिले में एक विकास प्रदर्शनी का शुभारंभ करने पहुँचे थे, जहाँ उन्होंने ये बयान दिए।










