‘स्कैम 2024’ के अभिनेता विनीत रैना ने किया खुलासा, डिजिटल अरेस्ट स्कैम का शिकार होते-होते बचीं उनकी मां: ‘मैं उस वक्त शूटिंग कर रहा था’

नई दिल्ली। हर धोखाधड़ी के पीछे एक ऐसी कहानी होती है, जिसे डर, जल्दबाजी और भ्रम पैदा करने के लिए गढ़ा जाता है। अभिनेता विनीत रैना के लिए डिजिटल फ्रॉड का खतरा तब निजी चिंता का विषय बन गया, जब उनकी मां को ठगों का फोन आया। पुलिस अधिकारी बनकर बात कर रहे इन लोगों ने दावा किया कि उनके बेटे को हिरासत में ले लिया गया है। हालांकि, उनकी मां को पहले से ऐसे स्कैम के बारे में जानकारी थी। इसलिए उन्होंने घबराने के बजाय शांति से स्थिति को समझने और उसकी पुष्टि करने की कोशिश की। यह घटना डिजिटल जागरूकता की अहमियत को सामने लाती है, जो स्टोरी टीवी ऐप पर विशेष रूप से स्ट्रीम हो रही स्कैम 2024 – द डिजिटल अरेस्ट स्टोरी का भी मुख्य संदेश है।
इस सीरीज में विनीत रैना एक निलंबित पुलिस अधिकारी राज ठाकुर की भूमिका निभा रहे हैं, जो कानून के दायरे में रहते हुए ठगों के एक नेटवर्क का पर्दाफाश करने की कोशिश करता है। सीरीज में विद्या मालवड़े, प्रिया शर्मा और प्रतीक सहजपाल, विक्की मंडल की भूमिका में नजर आ रहे हैं। स्कैम 2024 – द डिजिटल अरेस्ट स्टोरी डिजिटल ठगी के तरीकों और साइबर अपराध के गंभीर परिणामों को दिखाने के साथ-साथ यह भी बताती है कि ऐसे अपराधों के खिलाफ आवाज उठाना और उनसे लड़ना कितना जरूरी है।
अपने साथ हुई इस घटना के बारे में बताते हुए विनीत ने कहा, “इस साल की शुरुआत में मेरी मां को एक अनजान महिला का फोन आया। उसने बताया कि मैं मुंबई में शूटिंग कर रहा हूं और मेरा फोन काम नहीं कर रहा है। इसके कुछ ही देर बाद मेरी मां को व्हाट्सऐप पर एक वीडियो कॉल आया, जिसमें वर्दी पहने एक व्यक्ति ने दावा किया कि मुझे एक घोटाले के मामले में हिरासत में लिया गया है। मेरी मां ने तुरंत मुझे फोन करने की कोशिश की, लेकिन मैं उस वक्त ऐसी जगह शूटिंग कर रहा था, जहां नेटवर्क की समस्या थी। अच्छी बात यह रही कि मैंने पहले ही अपने माता-पिता को डिजिटल स्कैम, एआई से बनाई गई आवाजों और चेहरों और ठगों के काम करने के तरीकों के बारे में बताया था। इसलिए उन्होंने घबराकर कोई कदम नहीं उठाया। जब मैंने बाद में उन्हें फोन किया, तो मैंने समझाया कि यह एक स्कैम था। उन्होंने मुझसे कहा कि अगर मैंने उन्हें पहले से इन चीजों के बारे में जागरूक नहीं किया होता, तो स्थिति बिल्कुल अलग हो सकती थी।”
इस तरह के अपराधों के लगातार बदलते और जटिल होते तरीकों पर बात करते हुए विनीत ने आगे कहा, “आज एआई के तेजी से एडवांस होने के साथ ठगों के पास लोगों को धोखा देने के बेहद आधुनिक तरीके हैं। वे आवाज की क्लोनिंग, छेड़छाड़ किए गए वीडियो और फर्जी पहचान का इस्तेमाल करके अपनी बात को सच साबित करने की कोशिश कर सकते हैं। कोई भी व्यक्ति ऐसे स्कैम का शिकार हो सकता है, चाहे वह कितना भी पढ़ा-लिखा या जागरूक क्यों न हो। हमें अपने माता-पिता, परिवार और करीबियों को ऐसे अपराधों के बारे में जागरूक करना चाहिए और किसी भी बात पर तुरंत प्रतिक्रिया देने के बजाय पहले उसकी पुष्टि करने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए। शांत रहना, संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचना और संबंधित व्यक्ति से सीधे संपर्क करके जानकारी की पुष्टि करना ऐसे मामलों में बहुत बड़ा अंतर पैदा कर सकता है। स्कैम 2024 – द डिजिटल अरेस्ट स्टोरी अब केवल स्टोरी टीवी ऐप पर स्ट्रीम हो रही है।



