पायनियर समाचार सेवा। फरीदाबाद। विदेश भेजने और जॉर्जिया का वर्क वीजा दिलाने के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का फरीदाबाद पुलिस ने पर्दाफाश किया है। साइबर थाना सेंट्रल की टीम ने ऊना, हिमाचल प्रदेश से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी इंस्टाग्राम पर विदेश भेजने और नौकरी दिलाने के नाम पर रील डालकर लोगों को अपने जाल में फंसाते थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से पांच मोबाइल फोन बरामद किए हैं। चारों को अदालत में पेश कर सात दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जगमोहन सिंह उर्फ जग्गी, हर्ष कुमार उर्फ हर्षू, हिमालय उर्फ हैरी और गगन सैनी के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार जगमोहन इस सिंडिकेट का मास्टरमाइंड है, जबकि हर्ष उसका पार्टनर बताया जा रहा है। दोनों ने ऊना के पालिका बाजार में विदेश भेजने के नाम पर कार्यालय खोल रखा था।
पुलिस प्रवक्ता के अनुसार फरीदाबाद निवासी एक व्यक्ति ने फरवरी 2026 में इंस्टाग्राम पर विदेश भेजने संबंधी रील देखी थी। रील के जरिए आरोपियों से संपर्क होने के बाद उसे जॉर्जिया में वर्क वीजा पर भेजने का झांसा दिया गया। आरोपियों ने उससे 50 हजार रुपये गगन सैनी के बैंक खाते में ट्रांसफर करा लिए। बाद में वीजा या विदेश भेजने की प्रक्रिया पूरी नहीं हुई तो पीड़ित को ठगी का पता चला। मामले में 7 मई 2026 को साइबर थाना सेंट्रल में केस दर्ज किया गया था।
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने पीड़ित से आर्मेनिया के विदेशी मोबाइल नंबर से बातचीत की थी। पुलिस के मुताबिक हर्ष और हिमालय पहले आर्मेनिया में काम कर चुके हैं। भारत लौटने के बाद उनकी मुलाकात जगमोहन से हुई और तीनों ने मिलकर विदेश भेजने के नाम पर ठगी का नेटवर्क तैयार किया। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने अब तक 20 से 25 वारदातों को अंजाम देने की बात बताई है। हालांकि इन वारदातों की पूरी जानकारी की पुलिस जांच कर रही है। पुलिस रिमांड के दौरान अन्य पीड़ितों, बैंक खातों, सोशल मीडिया अकाउंट और गिरोह से जुड़े लोगों के बारे में पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने आरोपियों से पांच मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनमें दो मोबाइल नंबर आर्मेनिया के बताए जा रहे हैं। पुलिस इन मोबाइल फोन और विदेशी नंबरों की भी जांच कर रही है।