सेना के बाद यूपी में सरकारी नौकरी का मौका, पूर्व अग्निवीरों के लिए योगी कैबिनेट के तीन बड़े फैसले

लखनऊ, 9 अक्टूबर। सेना में सेवा देने के बाद उत्तर प्रदेश में सरकारी नौकरी पाने की तैयारी कर रहे पूर्व अग्निवीरों के लिए योगी सरकार ने राहत भरा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई कैबिनेट बैठक में पूर्व अग्निवीरों की भर्ती नियमावली में संशोधन को मंजूरी दी गई। नई व्यवस्था के तहत चार विभागों की भर्तियों में 20 प्रतिशत आरक्षण, अधिकतम आयु सीमा में तीन साल की छूट और लिखित तथा शारीरिक परीक्षा से राहत देने का प्रावधान किया गया है।
सरकार के इस फैसले का उद्देश्य सैन्य सेवा पूरी कर चुके युवाओं को उत्तर प्रदेश की सरकारी सेवाओं में अवसर उपलब्ध कराना है। कैबिनेट बैठक के बाद परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि अग्निवीर योजना के तहत वर्ष 2022 में भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसके मद्देनजर पूर्व अग्निवीरों की नियुक्ति से जुड़े नियमों में बदलाव किया गया है।
पुलिस से परिवहन विभाग तक मिलेगा अवसर
योगी कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश पुलिस, वन विभाग, कारागार विभाग और परिवहन विभाग की भर्तियों में पूर्व अग्निवीरों को 20 प्रतिशत आरक्षण देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इस व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों को उनकी मूल श्रेणी के अनुसार आरक्षण का लाभ मिलेगा।
इस फैसले से सैन्य सेवा पूरी कर चुके युवाओं के लिए सरकारी नौकरी के नए अवसर खुलेंगे। चार अलग-अलग विभागों को इस व्यवस्था में शामिल किए जाने से पूर्व अग्निवीर अपनी पात्रता के अनुसार संबंधित पदों के लिए आवेदन कर सकेंगे।
25 से बढ़ाकर 28 साल हुई अधिकतम उम्र
पूर्व अग्निवीरों को राहत देने के लिए सरकार ने अधिकतम आयु सीमा में भी बदलाव किया है। पहले निर्धारित 25 वर्ष की अधिकतम आयु सीमा को बढ़ाकर 28 वर्ष कर दिया गया है। यानी पात्र युवाओं को तीन वर्ष की अतिरिक्त छूट मिलेगी।
इस बदलाव का महत्व इसलिए भी है कि अग्निवीर योजना के तहत सैन्य सेवा पूरी करने के बाद युवाओं को दूसरी नौकरी के लिए तैयारी और आवेदन करने का अवसर चाहिए। आयु सीमा बढ़ने से ऐसे अभ्यर्थियों को संबंधित सरकारी भर्तियों में शामिल होने के लिए अधिक समय मिल सकेगा।
लिखित और शारीरिक परीक्षा से राहत
कैबिनेट के फैसले का एक प्रमुख हिस्सा भर्ती प्रक्रिया में मिलने वाली छूट है। संबंधित विभागों में पूर्व अग्निवीरों को लिखित परीक्षा और शारीरिक परीक्षा से छूट देने का प्रावधान किया गया है। उन्हें केवल मेडिकल परीक्षण से गुजरना होगा।
सैन्य सेवा के दौरान प्राप्त प्रशिक्षण और अनुभव को ध्यान में रखते हुए यह व्यवस्था की गई है। इससे पूर्व अग्निवीरों को भर्ती प्रक्रिया में अतिरिक्त सुविधा मिलने की उम्मीद है। हालांकि, लाभ संबंधित संशोधित नियमावली और लागू भर्ती प्रावधानों के अनुसार मिलेगा।
सैन्य सेवा के अनुभव को मिलेगा नया अवसर
अग्निवीर योजना के तहत सेना में भर्ती होने वाले युवा निर्धारित सेवा अवधि पूरी करने के बाद नागरिक जीवन में लौटते हैं। ऐसे में उनके कौशल और प्रशिक्षण का उपयोग दूसरे क्षेत्रों में करना रोजगार के लिहाज से महत्वपूर्ण है। योगी सरकार के फैसले से इन युवाओं को पुलिस, वन, कारागार और परिवहन विभाग में सेवा देने का अवसर मिल सकेगा।
20 प्रतिशत आरक्षण, तीन साल की आयु छूट और परीक्षा संबंधी रियायतें इस निर्णय के तीन अहम पहलू हैं। राज्य सरकार ने भर्ती नियमों में बदलाव के जरिए पूर्व अग्निवीरों के लिए सरकारी नौकरी की प्रक्रिया को आसान बनाने की पहल की है। अब पात्र युवा संशोधित नियमावली के तहत संबंधित विभागों की भर्तियों में निर्धारित प्रावधानों का लाभ उठा सकेंगे।



