- -राज्यपाल ने की प्रदेश के राज्य विश्वविद्यालयों के साथ ऑनलाइन बैठक
पायनियर समाचार सेवा
लखनऊ। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल व कुलाधिपति ने कहा कि विश्वविद्यालयों के शिक्षक स्वयं भी नशामुक्त जीवन का उदाहरण प्रस्तुत करें, क्योंकि शिक्षक का आचरण ही विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का आधार होता है। विश्वविद्यालयों से लाखों विद्यार्थी एवं परिवार जुड़े हैं, इसलिए विश्वविद्यालयों को विद्यार्थियों एवं उनके परिवारों से संवाद स्थापित करते हुए घर-घर तक नशामुक्ति का संदेश पहुंचाने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा कि केवल भाषण देने से परिवर्तन नहीं आता, बल्कि धरातल पर निरंतर कार्य करने से ही वास्तविक परिणाम प्राप्त होते हैं।
राज्यपाल गुरुवार को जन भवन से प्रदेश के राज्य विश्वविद्यालयों के साथ ऑनलाइन बैठक कर रही थी। बैठक में आगामी 2 अगस्त को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित होने वाले वर्चुअल संवाद की तैयारियों एवं विश्वविद्यालयों की सहभागिता की रूपरेखा पर चर्चा कर रही थी। कार्यक्रम के दौरान देशभर के एक करोड़ से अधिक युवा नशा मुक्ति संकल्प लेकर नशा मुक्ति युवा स्वयंसेवक के रूप में अभियान से जुड़ेंगे तथा अन्य युवाओं को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करेंगे।
यह वर्चुअल संवाद आगामी 100 सप्ताह तक प्रत्येक रविवार आयोजित होने वाले राष्ट्रव्यापी जनजागरूकता अभियान का शुभारंभ भी होगा। राज्यपाल ने कहा कि विकसित भारत-2047 तक ड्रग्स फ्री यूथ के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए विश्वविद्यालयों को जनभागीदारी के साथ व्यापक स्तर पर नशा मुक्ति अभियान चलाना होगा। उन्होंने विश्वविद्यालयों को निर्देश दिए कि शिक्षक एवं संबंधित अधिकारी समय-समय पर विश्वविद्यालय परिसर, छात्रावासों तथा आवश्यकता अनुसार विद्यार्थियों के संपर्क में रहकर यह सुनिश्चित करें कि कहीं कोई विद्यार्थी नशे की प्रवृत्ति का शिकार तो नहीं हो रहा है।
उन्होंने कहा कि नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान के अंतर्गत आगामी 100 सप्ताह तक प्रत्येक रविवार विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। चूंकि रविवार अवकाश का दिन होता है, इसलिए विश्वविद्यालयों को विशेष कार्ययोजना बनानी होगी तथा शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों को पहले से तैयार कर उनकी अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित करनी होगी। उल्लेखनीय है कि जन भवन में संचालित नशा मुक्ति वाहिनी द्वारा नशा मुक्ति अभियान को निरंतर गति प्रदान की जा रही है।
इसी क्रम में 24 जुलाई को नशा मुक्ति वाहिनी की महिला एवं पुरुष सदस्यों की संयुक्त टीम द्वारा जन भवन स्थित अधिकारी आवासीय परिसर में सघन निरीक्षण एवं जनजागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान 131 आवासों का निरीक्षण किया गया तथा प्रत्येक आवास पर परिवार की महिला सदस्यों एवं बच्चों से जानकारी प्राप्त की गई कि परिवार का कोई सदस्य किसी भी प्रकार के मादक पदार्थ का सेवन तो नहीं करता है।










