देर रात और फिर सुबह फॉल्ट से बाधित रही बिजली, पेयजल व्यवस्था भी प्रभावित; विभाग ने पेड़ों को बताया कारण
पायनियर समाचार सेवा
लखनऊ। रहीमाबाद विद्युत उपकेंद्र से जुड़े दर्जनों गांवों में सोमवार देर रात से मंगलवार तक बार-बार बिजली आपूर्ति बाधित रहने से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। लंबे समय तक बिजली गुल रहने से लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई, वहीं पेयजल संकट भी गहरा गया। जानकारी के अनुसार, सोमवार रात करीब 10 बजे बाकीनगर, दौलतपुर, शेरनगर, लालूहार, जिन्दौर, गढ़ी, बंजारन खेड़ा, लालता खेड़ा, तिलन, नत्थू खेड़ा, मनकौटी, जुगराजगंज, गदिया खेड़ा, तरौना और कैथूलिया समेत दर्जनों गांवों की बिजली आपूर्ति अचानक बंद हो गई।
करीब साढ़े चार घंटे बाद देर रात आपूर्ति बहाल हो सकी। ग्रामीणों को राहत मिली ही थी कि मंगलवार सुबह लगभग छह बजे फिर फॉल्ट आने से बिजली आपूर्ति ठप हो गई। करीब चार घंटे बाद दोबारा बिजली चालू की जा सकी। लगातार बिजली कटौती से घरों में पेयजल की समस्या उत्पन्न हो गई और दैनिक कार्य भी प्रभावित रहे। ग्रामीणों का आरोप है कि शिकायत के बावजूद विद्युत उपकेंद्र के कर्मचारियों ने संतोषजनक जवाब नहीं दिया। उनका कहना है कि फॉल्ट का स्पष्ट कारण भी नहीं बताया गया, जिससे लोगों में विभाग के प्रति नाराजगी है। ग्रामीणों ने मांग की है कि फॉल्ट का स्थायी समाधान कर नियमित और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। इस संबंध में अवर अभियंता राजकुमार ने बताया कि बिजली लाइनों के किनारे खड़े पेड़ों की शाखाएं तारों से टकराने के कारण बार-बार फॉल्ट हो रहा है। उन्होंने कहा कि पेड़ों की छंटाई कर समस्या का जल्द स्थायी समाधान कराया जाएगा, जिससे उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति मिल सके।










