अनिल कुमार गुप्ता। उतरौला (बलरामपुर)
क्षेत्रवासियों को अब दर्द और शारीरिक समस्याओं के उपचार के लिए बड़े शहरों की ओर रुख नहीं करना पड़ेगा। नगर में आधुनिक फिजियोथेरेपी सेवाओं से सुसज्जित जेड एम फिजियो केयर सेंटर का शुभारंभ रविवार को न्यू बलरामपुर पैथोलॉजी सेंटर के बेसमेंट में किया गया। केंद्र का उद्घाटन विधायक राम प्रताप वर्मा ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर नगर पालिका परिषद उतरौला के अध्यक्ष प्रतिनिधि अनूप चंद्र गुप्ता सहित नगर के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए विधायक राम प्रताप वर्मा ने कहा कि वर्तमान समय में बदलती जीवनशैली, लंबे समय तक बैठकर कार्य करने की आदत और बढ़ते शारीरिक तनाव के कारण कमर दर्द, गर्दन दर्द, घुटनों की समस्या तथा मांसपेशियों से संबंधित बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में फिजियोथेरेपी एक प्रभावी और सुरक्षित उपचार पद्धति के रूप में सामने आई है। उन्होंने कहा कि उतरौला में इस सुविधा की शुरुआत से क्षेत्र के हजारों लोगों को लाभ मिलेगा और उन्हें उपचार के लिए लखनऊ, गोरखपुर अथवा अन्य बड़े शहरों की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी।
केंद्र की संचालक एवं फिजियोथेरेपिस्ट डॉ. ज़ोया मोबीन ने बताया कि फिजियोथेरेपी केवल दर्द कम करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शरीर की कार्यक्षमता को बेहतर बनाने, मांसपेशियों को मजबूत करने और रोगी को सामान्य जीवन में शीघ्र वापस लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि समय पर सही उपचार मिलने से मरीजों को दवाओं पर निर्भरता कम करनी पड़ती है और कई मामलों में सर्जरी की आवश्यकता भी टाली जा सकती है। डॉ. ज़ोया मोबीन ने बताया कि जेड एम फिजियो केयर में प्रत्येक मरीज की स्थिति के अनुसार व्यक्तिगत उपचार योजना तैयार की जाएगी। आधुनिक उपकरणों और वैज्ञानिक तकनीकों के माध्यम से मरीजों को गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान की जाएंगी, जिससे उन्हें शीघ्र और सुरक्षित लाभ मिल सके।
उन्होंने बताया कि केंद्र पर कमर दर्द, सर्वाइकल स्पॉन्डिलाइटिस, घुटनों के दर्द, गठिया, मांसपेशियों में खिंचाव, मोच, खेलकूद के दौरान लगी चोटों तथा फ्रैक्चर के बाद की रिकवरी के लिए विशेष उपचार उपलब्ध रहेगा। इसके अतिरिक्त लकवा, पार्किंसंस रोग और नसों से संबंधित विकारों के मरीजों के लिए संतुलन एवं शारीरिक क्षमता बढ़ाने वाली विशेष थेरेपी भी प्रदान की जाएगी। केंद्र में ऑपरेशन के बाद पुनर्वास (रिहैबिलिटेशन), शरीर की जकड़न दूर करने, सूजन कम करने तथा सामान्य शारीरिक गतिविधियों को पुनः सुचारु करने के लिए भी उपचार उपलब्ध रहेगा। वहीं अस्थमा और सीओपीडी जैसी श्वसन संबंधी बीमारियों से जूझ रहे मरीजों के लिए विशेष फेफड़ा पुनर्वास कार्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित वक्ताओं ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में यह पहल उतरौला के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इससे न केवल मरीजों को बेहतर उपचार मिलेगा, बल्कि लोगों में फिजियोथेरेपी के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी। कार्यक्रम का संचालन न्यू बलरामपुर पैथोलॉजी चैरिटेबल ब्लड एंड कंपोनेंट सेंटर के प्रबंधक राकेश श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर अनूप चंद्र गुप्ता, प्रधानाचार्य अबुल हाशिम खान, डॉ. एस.डी. भारती, देवानंद गुप्ता, एजाज मलिक, अंसार खान, डॉ. इफ्तेखार, सीमाब जफर ‘बब्बू’, अब्दुर्रहमान सिद्दीकी, आबिद अली, रोहित राज, अधिवक्ता ओ.पी. श्रीवास्तव सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं क्षेत्रवासी मौजूद रहे। उद्घाटन समारोह के अंत में अतिथियों ने केंद्र की आधुनिक सुविधाओं का अवलोकन किया और इसके सफल संचालन की शुभकामनाएं दीं।










