सरेनी में आशा कार्यकर्ताओं का जोरदार प्रदर्शन
बोलीं आशाएं 2 हजार में परिवार नहीं चलता, 25 हजार रुपये मानदेय दे सरकार स्वास्थ्य मंत्री के खिलाफ नारेबाजी, बकाया भुगतान और राज्य कर्मचारी का दर्जा देने की मांग

सरेनी,रायबरेली। विभिन्न मांगों को लेकर उत्तर प्रदेश आशा वर्कर्स यूनियन के आवाह्न पर शुक्रवार को आशा कार्यकर्ताओं ने सरेनी में जोरदार प्रदर्शन किया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से निकली पदयात्रा सरेनी बाजार होते हुए शहीद स्मारक पहुंचकर समाप्त हुई। इस दौरान स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्यकर्ताओं ने 25 हजार रुपये मासिक मानदेय, राज्य कर्मचारी का दर्जा, बकाया प्रोत्साहन राशि का भुगतान, मातृत्व अवकाश, स्वास्थ्य बीमा और कैशलेस चिकित्सा सुविधा देने की मांग उठाई।
आशा कार्यकर्ताओं ने कहा कि दो हजार रुपये के मानदेय में परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल है। सात फरवरी 2026 को स्वास्थ्य मंत्री और यूनियन पदाधिकारियों के बीच हुए समझौते के बावजूद मांगें लागू नहीं की गर्इं। उन्होंने आरोप लगाया कि आयुष्मान कार्ड, टीबी स्क्रीनिंग, सी-बैक, फाइलेरिया, पोलियो, दस्तक और संचारी रोग नियंत्रण अभियानों सहित कई कार्यों की प्रोत्साहन राशि लंबित है। कोविड़ काल की घोषित प्रोत्साहन राशि और आभा आईडी बनाने के भुगतान में भी अनियमितता का आरोप लगाया।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने स्वास्थ्य मंत्री को ई-रिक्शा खरीदने की नसीहत देते हुए व्यंग्यात्मक नारे लगाए। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगों का जल्द समाधान नहीं हुआ तो कामकाज ठप कर धरने पर बैठेंगी और आगामी चुनाव में भाजपा सरकार के खिलाफ अभियान चलाएंगी।



