रंगों में उकेरी वन्यजीव संरक्षण की तस्वीर, विजेता छात्र-छात्राएं सम्मानित

चित्रकला प्रतियोगिता में बच्चों ने हाथी, तेंदुआ, हिरण और जंगल के प्राकृतिक वातावरण को दिया जीवंत रूप
डीएफओ स्वप्निल अनिरुद्ध ने बांटे प्रमाणपत्र, स्मृति चिह्न और नगद पुरस्कार; जागरूकता रैली समेत हुईं कई गतिविधियां
गौरव कुमार। हरिद्वार
वन विभाग की ओर से आयोजित वन्यजीव सप्ताह का बृहस्पतिवार को समापन हो गया। हिलबाई पास मार्ग स्थित प्रभागीय वनाधिकारी कार्यालय में आयोजित समापन समारोह में वन्यजीव संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। इस दौरान प्रभागीय वनाधिकारी स्वप्निल अनिरुद्ध ने वन्यजीव सप्ताह के तहत आयोजित चित्रकला प्रतियोगिता में सफल छात्र-छात्राओं को प्रमाणपत्र, स्मृति चिह्न और नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। अलग-अलग वर्गों में आयोजित प्रतियोगिता में विभिन्न स्कूलों के कक्षा छह से आठ और कक्षा नौ से 10 तक के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया।
विद्यार्थियों ने अपनी चित्रकारी के माध्यम से हाथी, तेंदुआ, बारहसिंगा, हिरण, गंगा और जंगल के प्राकृतिक वातावरण को आकर्षक ढंग से उकेरा। कई चित्रों में वन्यजीव संरक्षण और पर्यावरण बचाने का संदेश भी देखने को मिला। डीएफओ स्वप्निल अनिरुद्ध ने बताया कि वन्यजीव सप्ताह के तहत चित्रकला प्रतियोगिता के अलावा जागरूकता रैली, विद्यार्थियों को संरक्षित वनों का भ्रमण और वन विभाग की कार्यप्रणाली से परिचित कराने जैसी गतिविधियां भी आयोजित की गईं। उन्होंने कहा कि वन्यजीवों की सुरक्षा के साथ उनके व्यवहार को समझना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाना जरूरी है। बच्चों की भागीदारी इस अभियान को और मजबूत करती है।
मुख्य अतिथि पार्षद सचिन कुमार और पार्षद निशा नौडियाल ने कहा कि बच्चों में वन्यजीव और पर्यावरण के प्रति जागरूकता पैदा करना समय की जरूरत है। ग्रीनमैन विजय पाल बघेल ने वन्यजीव और पेड़-पौधों को प्राकृतिक विरासत बताते हुए इनके संरक्षण की जिम्मेदारी सभी की बताया। समारोह में उप प्रभागीय वन अधिकारी पूनम कैथोला, ज्वाला प्रसाद, रेंजर शीशपाल सिंह, महेश शर्मा, विवेक जोशी, राजेश राठौर, ईशा सेठी, आरती पंत, विनीत पांडे, शैलजा और राहुल नेगी, सत्यम प्रजापति, लाखन सहित वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।





