घरेलू मांग कम होने के बीच चांदी स्थिर
नयी दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी के सर्राफा बाजार में मंगलवार को सोने की कीमतों में मामूली गिरावट आई और यह 200 रुपये सस्ता हो गया, जबकि घरेलू मांग कम होने के कारण चांदी की कीमतें अपरिवर्तित बनी रहीं। बाजार के जानकारों के अनुसार, 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने की कीमत सोमवार के 1,59,400 रुपये प्रति 10 ग्राम (सभी करों सहित) के बंद भाव से 200 रुपये टूटकर 1,59,200 रुपये प्रति 10 ग्राम रह गई। हालांकि, चांदी की कीमत 2,60,700 रुपये प्रति किलोग्राम पर स्थिर रही।
विश्लेषकों ने कहा कि भू-राजनीतिक तनाव कम होने से घरेलू शेयर बाजारों में धारणा मजबूत हुई और रुपये को समर्थन मिला, जिससे निवेशक कीमती धातुओं से दूरी बनाने लगे। हालांकि, वैश्विक स्तर पर मजबूत रुझानों ने स्थानीय बाजारों में गिरावट को सीमित कर दिया, क्योंकि ऊर्जा-जनित महंगाई को लेकर चिंताएं कम होने से विदेशी बाजारों में सर्राफा कीमतों में बढ़त हुई। वैश्विक बाजारों में, हाजिर सोना और चांदी की कीमतें क्रमश: लगभग एक प्रतिशत बढ़कर 4,344.36 डॉलर और 70.43 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रही थीं।
मिराए एसेट शेयरखान के जिंस प्रमुख प्रवीण सिंह ने कहा कि तेल की कम कीमतों से हाजिर सोने को फायदा मिल रहा है। मंगलवार को तेल की कीमतें नए निचले स्तर पर आ गर्इं, क्योंकि अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इलेक्ट्रॉनिक रूप से अमेरिका-ईरान समझौते पर हस्ताक्षर किए। इस बीच, कोटक सिक्योरिटीज में जिंस शोध की एवीपी कायनात चैनवाला ने कहा कि चांदी की कीमत 70.5 डॉलर प्रति औंस के आसपास रही, क्योंकि व्यापारियों ने अमेरिका के महत्वपूर्ण आर्थिक आंकड़ों के जारी होने और फेडरल रिजर्व के नीतिगत फैसले से पहले सतर्क रुख अपनाया।
एलकेपी सिक्योरिटीज में उपाध्यक्ष शोध विश्लेषक जिंस और मुद्रा जतिन त्रिवेदी ने कहा कि बाजार के प्रतिभागी अमेरिका-ईरान समझौते से जुड़ी गतिविधियों पर भी बारीकी से नजर रख रहे हैं, जो सर्राफा और जिंस बाजारों में धारणा को प्रभावित कर रहा है।










