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मातृभूमि में दिखेगा भारत की क्षेत्रीय खानपान विरासत का स्वाद

बरेली। भारत की विविधतापूर्ण खानपान परंपराओं और क्षेत्रीय व्यंजनों को प्रीमियम डाइनिंग अनुभव के साथ प्रस्तुत करने के उद्देश्य से नोएडा में नया रीजनल इंडियन रेस्टॉरेंट ‘मातृभूमि’ शुरू किया गया है। एफर्मा हॉस्पीटेलिटी की इस नई पेशकश को सेक्टर-38 स्थित बॉटेनिकल गार्डन…

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मातृभूमि में दिखेगा भारत की क्षेत्रीय खानपान विरासत का स्वाद

बरेली। भारत की विविधतापूर्ण खानपान परंपराओं और क्षेत्रीय व्यंजनों को प्रीमियम डाइनिंग अनुभव के साथ प्रस्तुत करने के उद्देश्य से नोएडा में नया रीजनल इंडियन रेस्टॉरेंट ‘मातृभूमि’ शुरू किया गया है। एफर्मा हॉस्पीटेलिटी की इस नई पेशकश को सेक्टर-38 स्थित बॉटेनिकल गार्डन मेट्रो स्टेशन के पास खोला गया है। रेस्टॉरेंट की संकल्पना देशभर में किए गए करीब 14 हजार किलोमीटर के कलीनरी सफर से प्रेरित है।

इस यात्रा के दौरान टीम ने विभिन्न क्षेत्रों के पारंपरिक व्यंजनों, देसी सामग्री, खाना पकाने की तकनीकों और खानपान से जुड़ी कहानियों को करीब से समझा। इसी अनुभव के आधार पर मातृभूमि के मेन्यू में भारत के अलग-अलग हिस्सों के खास स्वाद और कम चर्चित व्यंजनों को शामिल किया गया है।

मातृभूमि में भारतीय व्यंजनों को किसी एक श्रेणी तक सीमित रखने के बजाय क्षेत्रीय स्वाद और उनसे जुड़ी सांस्कृतिक पहचान को प्रमुखता दी गई है। यहां पारंपरिक फ्लेवर्स को आधुनिक और प्रीमियम डाइनिंग माहौल के साथ परोसा जा रहा है। रेस्टॉरेंट में कलीनरी स्टोरीटेलिंग पर भी विशेष जोर दिया गया है, ताकि मेहमान व्यंजनों के साथ उनसे जुड़ी परंपराओं और कहानियों से भी परिचित हो सकें।

मातृभूमि के संस्थापक प्रियकांत गौतम ने कहा कि भारतीय खाद्य परंपराओं की विविधता का जश्न मनाना इस पहल की मुख्य प्रेरणा है। उन्होंने कहा कि देशभर की यात्रा के दौरान मिली रेसिपी, स्वाद और उनसे जुड़ी कहानियों को डाइनिंग टेबल तक पहुंचाने का प्रयास किया गया है। मातृभूमि के जरिए ऑथेंटिक, इमर्सिव और यादगार क्षेत्रीय भारतीय डाइनिंग अनुभव उपलब्ध कराने की कोशिश है।