नीलम चौक के सरकारी कार्यालयों के बीच महीनों से पड़ा कूड़े का ढेर

- जिला रजिस्ट्रार कार्यालय के आसपास गंदगी से कर्मचारी और आमजन परेशान
- नगर निगम से बार-बार शिकायत के बावजूद नहीं हुई सफाई
पायनियर समाचार सेवा। फरीदाबाद
शहर के प्रमुख नीलम चौक के आसपास जहां रोजाना बड़ी संख्या में लोग सरकारी कामकाज के लिए पहुंचते हैं, वहीं जिला खजाना अधिकारी, जिला उद्योग केंद्र, भारत संचार निगम लिमिटेड और अन्य केंद्रीय कार्यालयों के बीच कई महीनों से कूड़े के ढेर पड़े हैं। कर्मचारियों और अधिकारियों का कहना है कि लंबे समय से जमा कूड़े की सफाई के लिए कई बार नगर निगम और जिला प्रशासन को पत्र भेजे जा चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ।
कर्मचारियों के अनुसार, बुधवार को भी नगर निगम आयुक्त को ई-मेल के माध्यम से सफाई कराने का अनुरोध किया गया, लेकिन इसके बावजूद मौके पर सफाई नहीं कराई गई। सरकारी कार्यालयों के बीच जमा कूड़ा न केवल शहर की स्वच्छता व्यवस्था पर सवाल खड़ा कर रहा है, बल्कि यहां आने वाले लोगों और कर्मचारियों के लिए भी परेशानी का कारण बना हुआ है।
नीलम चौक स्थित जिला रजिस्ट्रार कार्यालय के आसपास भी बड़े-बड़े कूड़े के ढेर नजर आ रहे हैं। यहां आने वाले लोगों का कहना है कि सरकारी कार्यालय के आसपास साफ-सफाई और बेहतर नागरिक सुविधाएं होना जरूरी है। गंदगी के कारण कार्यालय परिसर में आने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। वहीं जिला रजिस्ट्रार कार्यालय की कार्यप्रणाली को लेकर भी आमजन की ओर से पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने की आवश्यकता जताई जा रही है। कार्यालय से संबंधित सेवाओं में आवेदन प्रक्रिया, शुल्क, आवश्यक दस्तावेज, समय-सीमा और शिकायतों की स्थिति को अधिक से अधिक ऑनलाइन एवं निगरानी योग्य बनाने की मांग उठ रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि किसी भी सरकारी कार्यालय में यदि रिश्वत मांगने जैसी शिकायत सामने आती है तो नागरिकों को संबंधित भ्रष्टाचार निरोधक एजेंसी के समक्ष शिकायत करने के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। साथ ही सेवाओं को ऑनलाइन करने से अनावश्यक कार्यालय चक्कर और व्यक्तिगत संपर्क कम किए जा सकते हैं। फिलहाल नीलम चौक पर सरकारी कार्यालयों के बीच जमा कूड़ा नगर निगम की सफाई व्यवस्था के दावों पर सवाल खड़ा कर रहा है। कर्मचारियों और आम नागरिकों ने नगर निगम प्रशासन से तत्काल सफाई कराने तथा नियमित कूड़ा उठाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।



