केवाईसी अपडेट के नाम पर भेजा एपीके फ़ाइल, खाते से उड़ाए 99,900 रुपए

व्हाट्सऐप पर फाइल इंस्टॉल कराते ही शुरू हुए अनधिकृत लेन-देन, एफआईआर दर्ज
पायनियर समाचार सेवा
लखनऊ। जानकीपुरम विस्तार निवासी राजेंद्र सिंह यादव साइबर ठगी का शिकार हो गए। आरोप है कि केवाईसी अपडेट करने के नाम पर जालसाज ने उन्हें फोन कर व्हाट्सऐप पर एपीके फाइल भेजी। फाइल इंस्टॉल करने के कुछ ही देर बाद उनके यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के खाते से 99,900 रुपए के अनधिकृत लेन-देन हो गए। पीड़ित ने गत दो सितंबर को जानकीपुरम थाने में तहरीर देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। पीड़ित के मुताबिक, गत दो सितंबर को मोबाइल से फोन आया था।
कॉल करने वाले ने खुद को ग्रीन गैस लिमिटेड की केवाईसी प्रक्रिया से संबंधित बताया। बातचीत के दौरान उसने व्हाट्सऐप पर एपीके फाइल भेजी, जिसे राजेंद्र ने मोबाइल में डाउनलोड कर इंस्टॉल कर लिया। इसके बाद बैंक खातों से उनकी अनुमति के बिना रकम निकलने लगी। तहरीर के अनुसार, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के खाते से पांच पीओएस लेन-देन के जरिए 24,900, 25,000, 20,000, 25,000 और 5,000 रुपये निकाले गए। इनमें चार लेन-देन डिस्ट्रिक्ट/गुरुग्राम और एक एचपी पे डेबिट सीए/मुंबई के नाम से दर्ज है।
कुल 99,900 रुपए की रकम निकली। बैंक स्टेटमेंट में खाते का ओपनिंग बैलेंस 88,065.39 रुपये और क्लोजिंग बैलेंस 11,834.61 रुपए दर्शाया गया है। पीड़ित ने अन्य बैंक खातों से भी बिना अनुमति लेन-देन होने की बात कही है। राजेंद्र का आरोप है कि एपीके फाइल के जरिए मोबाइल या बैंकिंग संबंधी जानकारी का दुरुपयोग किया गया। उन्होंने पुलिस से मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने और एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। जानकीपुरम थाना प्रभारी विनोद कुमार तिवारी ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्यवाही की जा रही है।



