अमरिया थाना पुलिस ने एक ऐसे सनसनीखेज मामले का पर्दाफाश किया है, जिसमें एक 21 वर्षीय युवक ने किशोरी के अपहरण के मामले में अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए नहर में डूबकर खुदकुशी करने का नाटक रचा। आरोपी आकाश उर्फ ओमशंकर को पुलिस ने अमरिया कस्बे के रामलीला मैदान से गिरफ्तार कर लिया है।
एएसपी विक्रम दहिया ने मंगलवार दोपहर पुलिस लाइन सभागार में प्रेस वार्ता में बताया कि थाना सुनगढ़ी के ग्राम भंगा मोहम्मदगंज निवासी आकाश और उसके पांच अन्य साथियों पर एक 15 वर्षीय किशोरी को शादी का झांसा देकर भगा ले जाने के आरोप में मुकदमा दर्ज है। इस मामले में संभावित कानूनी कार्रवाई से बचने और लड़की पक्ष को झूठे मुकदमे में फंसाने की नीयत से 22 जुलाई को आरोपी के परिजनों ने पुलिस को सूचना दी कि आकाश पौटा डैम के पास नहर में कूद गया है। पुलिस को गुमराह करने और झूठा साक्ष्य गढ़ने के लिए उसने नहर किनारे अपने जूते भी उतार कर रख दिए थे। उसके भाई अरविंद कुमार की तहरीर पर गुमशुदगी दर्ज होने के बाद, पुलिस ने 8-10 गोताखोरों की मदद से लगातार कई दिनों तक सघन सर्च ऑपरेशन चलाया।
जब शव का कोई सुराग नहीं मिला, तो एसपी सुकृति माधव मिश्रा के निर्देश पर अमरिया पुलिस और सर्विलांस सेल ने तकनीकी साक्ष्यों की मदद से गहन जांच शुरू की। इस जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि आरोपी न केवल जिंदा है, बल्कि अपना हुलिया बदलकर और पगड़ी बांधकर सिडकुल (रुद्रपुर) में नौकरी कर रहा था।
लगातार निगरानी के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। अमरिया पुलिस ने किशोरी के पिता की तहरीर पर थाना अमरिया में आरोपी आकाश के खिलाफ पुलिस का समय व संसाधन बर्बाद करने, गुमराह करने, झूठे साक्ष्य गढ़ने और फोन पर जान से मारने की धमकी देने के आरोप में अन्य कई गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया जहाँ से उसको जेल भेज दिया गया। गिरफ्तार करने वाली टीम उप निरीक्षक आशीष द्विवेदी, कांस्टेबल पवन कुमार, कांस्टेबल राहुल कुमार,कांस्टेबल प्रियांशु चौधरी सर्विलांस सेल शामिल रहे।
रिपोर्ट-अदनान खान










