जनप्रतिनिधियों, ग्राम पंचायतों, स्वयंसेवी संगठनों, शिक्षण संस्थानों एवं आमजन की सहभागिता से अभियान बनेगा जनआंदोलन
जिलाधिकारी की अपील ‘‘एक पौधा अवश्य लगाएं, उसके संरक्षण का भी लें संकल्प।
12 जुलाई को जनपद में होगा 50 लाख पौधों का वृहद वृक्षारोपण
रविकांत दूबे। कानपुर देहात
प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी पर्यावरण संरक्षण पहल के अंतर्गत आगामी 12 जुलाई 2026 को आयोजित होने वाले वृहद वृक्षारोपण अभियान (वृक्षारोपण महायज्ञ-2026) की तैयारियों को अंतिम रूप देने के उद्देश्य से आज माॅ मुक्तेश्वरी देवी कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी/जिला मजिस्ट्रेट कपिल सिंह की अध्यक्षता में जिला वृक्षारोपण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विधान जायसवाल, अपर पुलिस अधीक्षक आलोक प्रसाद, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) दिग्विजय सिंह, प्रभागीय वनाधिकारी प्रोमिला सहित समस्त जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में जिलाधिकारी ने अभियान की विभागवार तैयारियों की विस्तृत समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि जनपद में 12 जुलाई को लगभग 50 लाख पौधों का रोपण किया जाएगा। इसके लिए सभी विभागों को उनके लक्ष्य आवंटित कर दिए गए हैं तथा प्रत्येक विभाग समयबद्ध कार्ययोजना के अनुरूप तैयारियां पूर्ण करना सुनिश्चित करे। समीक्षा के दौरान पौधों की उपलब्धता, गड्ढों की तैयारी, वृक्षारोपण स्थलों के चयन, विभागीय समन्वय, जियो-टैगिंग, पौधों के परिवहन, रोपण उपरांत संरक्षण एवं नियमित निगरानी सहित सभी व्यवस्थाओं का बिंदुवार समीक्षा की गयी।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि प्रत्येक विभाग निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध तरीके से कार्य पूर्ण करे तथा लगाए गए पौधों के संरक्षण की प्रभावी व्यवस्था भी सुनिश्चित करे, जिससे पौधों का जीवित रहने का प्रतिशत अधिकतम रहे। जिलाधिकारी द्वारा लगाये जाने वाले पौधों का हरीतिमा पोर्टल पर जीओटैगिंग अनिवार्य रूप से करायें जाने के निर्देश दिये, जिससे अभियान की प्रगति का पारदर्शी एवं प्रभावी ढ़ंग से अनुश्रवण किया जा सके। जिलाधिकारी ने कहा कि वृक्षारोपण केवल पौधे लगाने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण, जैव विविधता के संवर्धन तथा आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने का एक व्यापक जनअभियान है।
इसलिए प्रत्येक विभाग इस अभियान को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पूरी जिम्मेदारी एवं समर्पण के साथ कार्य करे। उन्होंने निर्देश दिए कि अभियान में माननीय जनप्रतिनिधियों, ग्राम पंचायतों, स्वयं सहायता समूहों, स्वयंसेवी संगठनों, शिक्षण संस्थानों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों, सामाजिक संगठनों, युवा मंडलों, छात्र-छात्राओं एवं आम नागरिकों की अधिकतम सहभागिता सुनिश्चित की जाए। प्रत्येक ग्राम पंचायत, विद्यालय, सरकारी कार्यालय, सार्वजनिक स्थल एवं संस्थान में व्यापक स्तर पर वृक्षारोपण कर इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप प्रदान किया जाए।
बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि प्रत्येक रोपित पौधे की जियो-टैगिंग की जाए तथा संबंधित विभाग उसके संरक्षण, सिंचाई एवं नियमित देखरेख की जिम्मेदारी सुनिश्चित करें। अभियान के प्रत्येक चरण की सतत निगरानी की जाएगी, ताकि निर्धारित लक्ष्य शत-प्रतिशत पूर्ण होने के साथ-साथ पौधों का संरक्षण भी प्रभावी रूप से सुनिश्चित हो सके। जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा कि 12 जुलाई 2026 को आयोजित होने वाले वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 में प्रत्येक नागरिक बढ़-चढ़कर सहभागिता निभाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति कम से कम एक पौधा अवश्य लगाए तथा उसके संरक्षण का संकल्प भी ले। एक पौधा केवल हरियाली का प्रतीक नहीं, बल्कि स्वच्छ पर्यावरण, शुद्ध वायु, जल संरक्षण, जैव विविधता एवं आने वाली पीढ़ियों के उज्ज्वल भविष्य की अमूल्य धरोहर है।
उन्होंने कहा कि जब शासन, प्रशासन और समाज मिलकर प्रकृति संरक्षण का संकल्प लेते हैं, तभी पर्यावरण संरक्षण का उद्देश्य सफल होता है। उन्होंने सभी जनपदवासियों से आह्वान किया कि वे इस महाअभियान का सक्रिय हिस्सा बनें और अपने परिवार, मित्रों एवं आसपास के लोगों को भी वृक्षारोपण एवं पौधों के संरक्षण के लिए प्रेरित करें, ताकि कानपुर देहात को अधिक हरित, स्वच्छ एवं पर्यावरणीय दृष्टि से समृद्ध जनपद बनाया जा सके। बैठक मेें मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 जयगोविन्द, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार तिवारी, परियोजना निदेशक डीआरडीए, डीसी मनरेगा, जिला पंचायत राज अधिकारी सहित सम्बन्धित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।










