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शुगर समेत सभी बीमारियों की दवाओं के दाम में 10 प्रतिशत का इजाफा

पायनियर समाचार सेवा गाजियाबाद। महंगाई का असर स्वास्थ्य सेवाओं पर भी दिखाई देने लगा है। कैंसर की दवाओं की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद अब मधुमेह, संक्रमण, खांसी, पेट की बीमारियों, विटामिन, त्वचा रोग और अन्य बीमारियों का इलाज महंगा हो गया…

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शुगर समेत सभी बीमारियों की दवाओं के दाम में 10 प्रतिशत का इजाफा

पायनियर समाचार सेवा
गाजियाबाद। महंगाई का असर स्वास्थ्य सेवाओं पर भी दिखाई देने लगा है। कैंसर की दवाओं की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद अब मधुमेह, संक्रमण, खांसी, पेट की बीमारियों, विटामिन, त्वचा रोग और अन्य बीमारियों का इलाज महंगा हो गया हैं। दवा विक्रेताओं के मुताबिक ईरान-अमेरिका तनाव और कच्चे माल की बढ़ती कीमतों से दवा निर्माण की लागत बढ़ी है।

दवाओं की कीमतों में वृद्धि
मेडिकल स्टोर संचालकों का कहना है कि पिछले एक महीने में मधुमेह की दवाओं और इंसुलिन की कीमतों में 15 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गाजियाबाद केमिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष राजदेव त्यागी ने बताया कि डायबिटीज की दवाओं का मासिक कारोबार करीब 60 करोड़ रुपये का है, जिसमें टैबलेट, कैप्सूल और इंसुलिन शामिल हैं। कच्चे माल की बढ़ी कीमतों के कारण अब लगभग हर श्रेणी की दवाओं के दाम बढ़ रहे हैं और कंपनियां लगातार संशोधित रेट पर दवाएं उपलब्ध करा रही हैं। दवा विक्रेताओं को मिली नई मूल्य सूची के अनुसार कई सामान्य दवाओं की कीमतों में 8 से 10 प्रतिशत तक की वृद्धि हुई है। इससे पहले भी कई प्रमुख मधुमेह और हृदय रोग संबंधी दवाओं के दाम बढ़ चुके हैं। मेटफॉर्मिन 500 एमजी की कीमत 15 रुपये से बढ़कर 38 रुपये, रोसुवास्टेटिन 10 एमजी 230 से 390 रुपये, एटोरवास्टेटिन 10 एमजी 90 से 180 रुपये और पायोज-15 एमजी 50 से बढ़कर 130 रुपये तक पहुंच चुकी है। लगातार हो रही इस बढ़ोतरी से लंबे समय तक दवा लेने वाले मरीज सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं।

मरीजों की जेब पर बोझ बढ़ा
पिछले 15 वर्षों से मधुमेह की दवा ले रहे शास्त्रीनगर निवासी सुरेंद्र कुमार का कहना हैं कि पहले जिस दवा पर करीब 100 रुपये खर्च होते थे, अब उसके लिए 150 रुपये से अधिक चुकाने पड़ रहे हैं। वहीं, इंसुलिन पहले लगभग 150 रुपये में मिल जाती थी, अब करीब 220 रुपये की हो गई है। नंदग्राम निवासी अरुण शर्मा का कहना है कि वह पूरी तरह इंसुलिन पर निर्भर हैं। दाम बढ़ने से उन्हें मजबूरी में महंगी कीमत पर दवा खरीदनी पड़ रही है।

इन दवाओं के दाम बढ़े

दवा पुरानी दर नए रेट

सेंसोफॉर्म 60 ग्राम 103 रुपये 117 रुपये

बीकोसूल्स कैप्सूल 62 रुपये 68 रुपये

आरबी टोन सिरप 205 रुपये 225 रुपये

आर्बिटेल एएमएच 189 रुपये 207 रुपये

डेक्सोरेंज पी. सिरप 91 रुपये 100 रुपये

पैंटोसिड डीएसआर 245 रुपये 252 रुपये

एवियन-400 कैप्सूल 89 रुपये 98 रुपये

रिवाइटल कैप्सूल 106 रुपये 110 रुपये

डेक्सोरेंज सिरप 192 रुपये 197 रुपये

सेफ्टम-500 टेबलेट 549 रुपये 552 रुपये

बेटनोवेट-एन क्रीम 62 रुपये 68.90 रुपये

एम्लोकाइंड-एटी 55 रुपये 61 रुपये

बेटनोवेट-सी 73 रुपये 77 रुपये

और बढ़ सकते हैं दाम

थोक दवा विक्रेता हेमंत मलिक का कहना है कि यदि कच्चे माल की लागत और वैश्विक परिस्थितियां सामान्य नहीं हुईं तो आने वाले समय में दवाओं की कीमतों में और बढ़ोतरी से इनकार नहीं किया जा सकता।